उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ठंड और कोहरे के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए प्रदेश के सभी अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। सीएम ने मंडलायुक्त, जिलाधिकारी और नगर निकायों को निर्देशित किया है कि कोई व्यक्ति खुले में न सोए और सभी निराश्रितों के लिए समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। सीएम योगी ने कहा कि शीतलहर के दौरान निराश्रितों की सुरक्षा और उनका आराम प्राथमिकता होनी चाहिए। इसके लिए सभी जिलों में रैन बसेरों का निरीक्षण किया जाए और अलाव-हीटर की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने अधिकारियों से यह भी कहा कि किसी भी व्यक्ति को खुले में सोते हुए न पाया जाए और उनकी सुरक्षा के लिए विशेष कदम उठाए जाएँ।
गोशालाओं में अलाव और गोवंश की सुरक्षा
मुख्यमंत्री ने गोशालाओं में भी ठंड से गोवंश को बचाने की व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि गोशालाओं में अलाव और हीटर की व्यवस्था होनी चाहिए, ताकि जानवर सुरक्षित रहें। सीएम ने यह भी स्पष्ट किया कि निराश्रितों और जरूरतमंदों को हर संभव राहत और सहायता प्रदान की जाए।
सीएम ने अधिकारियों को फील्ड में सतर्क रहने और खुद निरीक्षण करने की नसीहत दी। उनका कहना है कि रैन बसेरों का निरंतर निरीक्षण होना चाहिए और किसी को खुले में न सोने दिया जाए। इस पहल से प्रदेश के लोग ठंड और कोहरे से राहत महसूस कर सकेंगे।
रैन बसेरों और अलाव की व्यवस्था
सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि निराश्रितों को रैन बसेरों तक पहुँचाया जाए और उनके ठहरने की पूरी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। इसके लिए अधिकारियों को अलाव और हीटर की पर्याप्त व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक स्थानों पर अलाव की भी व्यवस्था की जाए ताकि लोग ठंड में सुरक्षित रहें।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि अधिकारियों द्वारा रैन बसेरों में हीटर और अलाव की व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि कोई अधिकारी निर्देशों का पालन नहीं करता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जरूरतमंदों को कंबल और राहत सामग्री
सीएम ने यह सुनिश्चित करने के लिए भी निर्देश दिए हैं कि जरूरतमंदों को लगातार कंबल वितरित किए जाएँ। उनका कहना है कि जनता को ठंड से किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए। इसके लिए सभी जिलाधिकारी और नगर निकाय अलर्ट मोड में काम कर रहे हैं। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि रैन बसेरों और सार्वजनिक स्थलों पर अलाव की व्यवस्था, हीटर की उपलब्धता और निराश्रितों की सुरक्षा में कोई कमी नहीं होनी चाहिए। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि हर जिले में आवश्यक कदम उठाएं और किसी भी आपात स्थिति के लिए तैयार रहें।
अधिकारियों को अलर्ट रहने के निर्देश
मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद प्रदेश के सभी अधिकारी अलर्ट हो गए हैं। सभी मंडलायुक्त और जिलाधिकारी अपनी-अपनी जिम्मेदारी के अनुसार फील्ड में सक्रिय हैं। उन्होंने सुनिश्चित किया कि हर रैन बसेरे और सार्वजनिक स्थल पर अलाव और हीटर की व्यवस्था की जाए।
योगी आदित्यनाथ के ये कदम न केवल ठंड और कोहरे से बचाव में मदद करेंगे, बल्कि प्रदेश के लोगों और निराश्रितों के लिए राहत का भी काम करेंगे। उनका स्पष्ट संदेश है कि किसी भी व्यक्ति को खुले में सोते हुए नहीं पाया जाना चाहिए और अधिकारियों को इसे सुनिश्चित करना होगा। इस प्रकार, उत्तर प्रदेश सरकार ठंड और कोहरे के मौसम में जनता और जानवरों की सुरक्षा के लिए व्यापक और सख्त कदम उठा रही है, ताकि हर जरूरतमंद तक समय पर मदद पहुँच सके।